Tuesday, April 21, 2015
किसी ने न्यू इयर पर किसी ने मुझे एक बहुत ही अची बात सीखी में उसकाथैंक्स देती हु की , उसने मुझे ये सिखया , में हमशा गोद को थैंक्स देती थी उसने मुझे लोगो को थैंक्स देना स्सिखाया उसने मुझे कहा की जो आपकी जिन्दगी में जिसने आपको प्यार किया उनको धन्यवाद दो उसने आपके दिल को विशाल बनाया और जिसने नफरत दी उसको भ दो उसने आपको परिस्थिठेयो से लड़ना सिखया और इज्सने आपको बीच में छोड़ दिया उसने आपको अहसाह कराया की कोई हमेशा साथ नहीं होता सदा के लिए .
आज के दौर में ऑनलाइन अर्निंग का क्रेज बढ़ता जा रहा है. आप भी अपने पीसी या लैपटॉप के सामने बैठकर और इंटरनेट से जुड़कर कुछ बेहतर कमाना चाहते हैं, तो ऑनलाइन अर्निंग एक बेस्ट ऑप्शन हो सकता है. कुछ चीजें ध्यान में रखकर इस काम को शुरू कर सकते हैं. इसके लिए न तो आपको कोई ऑफिस स्पेस किराए पर लेने की जरूरत है और न ही आपका कोई बॉस होगा. जानिए कैसे कर सकते हैं ऑनलाइन अर्निंग.
ऑनलाइन ट्यूशन:
अगर आपकी किसी सब्जेक्ट पर अच्छी पकड़ है, तो ऑनलाइन ट्यूशन दे कर अर्निंग कर सकते हैं. आप घर में बैठे-बैठे दुनिया के किसी भी कोने में रह रहे स्टूडेंट को ऑनलाइन पढ़ा सकते हैं. क्रिएटिव लोगों के लिए ऑनलाइन ट्यूशन का ऑप्शन बेस्ट है. इसे पार्ट टाइम और फुल टाइम दोनों तरह से अपना सकते हैं.
अगर आपकी किसी सब्जेक्ट पर अच्छी पकड़ है, तो ऑनलाइन ट्यूशन दे कर अर्निंग कर सकते हैं. आप घर में बैठे-बैठे दुनिया के किसी भी कोने में रह रहे स्टूडेंट को ऑनलाइन पढ़ा सकते हैं. क्रिएटिव लोगों के लिए ऑनलाइन ट्यूशन का ऑप्शन बेस्ट है. इसे पार्ट टाइम और फुल टाइम दोनों तरह से अपना सकते हैं.
पेड राइटिंग:
अगर आपको लिखने का पैशन है, तो दूसरे ब्लॉग्स या साइट्स जैसे वेबलॉग्स पर लिखकर कमाई कर सकते हैं. पेड राइटिंग जॉब्स के लिए न तो किसी एक्सपीरियंस की जरूरत होती है और न ही डिग्री-डिप्लोमा या स्पेशल ट्रेनिंग की. पेड राइटिंग फ्रीलांस जॉब है, जिसमें अपनी सहूलियत के मुताबिक काम कर सकते हैं. फ्रीलांस राइटर होने के नाते क्लाइंट की जरूरत के मुताबिक आर्टिकल लिखने होते हैं. फ्रीलांस राइटर के लिए सबसे जरूरी है लैंग्वेज नॉलेज और कंटेंट की क्वॉलिटी.
अगर आपको लिखने का पैशन है, तो दूसरे ब्लॉग्स या साइट्स जैसे वेबलॉग्स पर लिखकर कमाई कर सकते हैं. पेड राइटिंग जॉब्स के लिए न तो किसी एक्सपीरियंस की जरूरत होती है और न ही डिग्री-डिप्लोमा या स्पेशल ट्रेनिंग की. पेड राइटिंग फ्रीलांस जॉब है, जिसमें अपनी सहूलियत के मुताबिक काम कर सकते हैं. फ्रीलांस राइटर होने के नाते क्लाइंट की जरूरत के मुताबिक आर्टिकल लिखने होते हैं. फ्रीलांस राइटर के लिए सबसे जरूरी है लैंग्वेज नॉलेज और कंटेंट की क्वॉलिटी.
ब्लॉग:
अगरआप ब्लॉगिंग करते हैं, तो अपने ब्लॉग पर ऐड लगा कर अर्निंग कर सकते हैं. इसके लिए आपको गूगल ऐड सेंस पर रजिस्टर होना होगा. इसके बाद गूगल आपके ब्लॉग या साइट पर कंटेंट के अनुसार ऐड लगाना शुरू कर देता है. इसके लिए जरूरी है कि आपकी साइट रेगुलर अपडेट होती रहे.
अगरआप ब्लॉगिंग करते हैं, तो अपने ब्लॉग पर ऐड लगा कर अर्निंग कर सकते हैं. इसके लिए आपको गूगल ऐड सेंस पर रजिस्टर होना होगा. इसके बाद गूगल आपके ब्लॉग या साइट पर कंटेंट के अनुसार ऐड लगाना शुरू कर देता है. इसके लिए जरूरी है कि आपकी साइट रेगुलर अपडेट होती रहे.
इंटरनेट मार्केटिंग:
वेबसाइट, पोर्टल या ब्लॉग को लॉन्च करना तो बेहद आसान है, लेकिन सबसे बड़ी चुनौती है वेबसाइट, पोर्टल या ब्लॉग की मार्केटिंग. ऐसे में ऑनलाइन मार्केटिंग या इंटरनेट मार्केटिंग की भूमिका सामने आती है. अगर आपकी कम्युनिकेशन स्किल अच्छी है, इंग्लिश पर कमांड है और वेब टेक्नोलॉजी जानते हैं, तो कहीं बाहर जाने की जरूरत नहीं है. घर बैठे ही सेल्समैन बन सकते हैं. इंटरनेट मार्केटिंग कंपनियों और कंज्यूमर्स को कनेक्ट करती है. इंटरनेट मार्केटिंग के जरिए वेब वर्ल्ड का रास्ता खुलता है, जो एक वेबसाइट या ब्लॉग की प्राइमरी रिक्वॉयरमेंट है. इसके अलावा, सोशल मीडिया मार्केटिंग के तहत भी अर्निंग कर सकते हैं.
वेबसाइट, पोर्टल या ब्लॉग को लॉन्च करना तो बेहद आसान है, लेकिन सबसे बड़ी चुनौती है वेबसाइट, पोर्टल या ब्लॉग की मार्केटिंग. ऐसे में ऑनलाइन मार्केटिंग या इंटरनेट मार्केटिंग की भूमिका सामने आती है. अगर आपकी कम्युनिकेशन स्किल अच्छी है, इंग्लिश पर कमांड है और वेब टेक्नोलॉजी जानते हैं, तो कहीं बाहर जाने की जरूरत नहीं है. घर बैठे ही सेल्समैन बन सकते हैं. इंटरनेट मार्केटिंग कंपनियों और कंज्यूमर्स को कनेक्ट करती है. इंटरनेट मार्केटिंग के जरिए वेब वर्ल्ड का रास्ता खुलता है, जो एक वेबसाइट या ब्लॉग की प्राइमरी रिक्वॉयरमेंट है. इसके अलावा, सोशल मीडिया मार्केटिंग के तहत भी अर्निंग कर सकते हैं.
Monday, April 20, 2015
नई दिल्ली ऑनलाइन टिकट बुकिंग के लिए यात्रियों को और सुविधाएं मुहैया कराने के लिए आईआरसीटीसी 'सामान बीमा' की नई सेवा पेश करने की योजना बना रही है।
इसके तहत ग्राहक को आईआरसीटीसी वेबसाइट के जरिए ई-टिकट की बुकिंग पर सामान बीमा जैसी अतिरिक्त सुविधाएं दी जाएंगी।
इस सुविधा का लाभ यह होगा कि यात्री सामान गुम या चोरी होने की हालत में बीमा रकम का दावा कर सकेंगे। यात्रा बीमा पैकेज में लैपटॉप, मोबाइल फोन या अन्य महंगी सामनों का कवर होगा।
विवरण पर काम करने के लिए न्यू इंडिया इंश्योरेंस के साथ तालमेल किया जा रहा है। आईआरसीटीसी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि हम ई-टिकट ग्राहकों को सामान बीमा सुविधा मुहैया कराने के लिए अग्रणी बीमा कंपनी से तालमेल कर रहे हैं।
उन्होने कहा कि ग्राहक को बीमा कवरेज लेने का विकल्प दिया जाएगा लेकिन वह इसके लिए बाध्य नहीं होगा। इंश्योरेंस प्रीमियम यात्रा की अवधि और यात्रा के दर्जे पर भी निर्भर करेगा।
आंकड़ों पर नजर डालें तो हर दिन 20 लाख से ज्यादा यात्री सफर करते हैं और 52 प्रतिशत ई-टिकट लेते हैं। आईआरसीटीसी को उम्मीद है कि यात्रियों का एक अहम तबका बीमा सेवाएं लेगा।
इसके तहत ग्राहक को आईआरसीटीसी वेबसाइट के जरिए ई-टिकट की बुकिंग पर सामान बीमा जैसी अतिरिक्त सुविधाएं दी जाएंगी।
इस सुविधा का लाभ यह होगा कि यात्री सामान गुम या चोरी होने की हालत में बीमा रकम का दावा कर सकेंगे। यात्रा बीमा पैकेज में लैपटॉप, मोबाइल फोन या अन्य महंगी सामनों का कवर होगा।
उन्होने कहा कि ग्राहक को बीमा कवरेज लेने का विकल्प दिया जाएगा लेकिन वह इसके लिए बाध्य नहीं होगा। इंश्योरेंस प्रीमियम यात्रा की अवधि और यात्रा के दर्जे पर भी निर्भर करेगा।
आंकड़ों पर नजर डालें तो हर दिन 20 लाख से ज्यादा यात्री सफर करते हैं और 52 प्रतिशत ई-टिकट लेते हैं। आईआरसीटीसी को उम्मीद है कि यात्रियों का एक अहम तबका बीमा सेवाएं लेगा।
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